भारतीय रेलवे लंबी दूरी की रेल यात्रा में एक नया अध्याय जोड़ने जा रहा है। देश की पहली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन अब पटरी पर दौड़ने के लिए पूरी तरह तैयार है। 17 जनवरी को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इस अत्याधुनिक ट्रेन को हरी झंडी दिखाकर रवाना करेंगे। रेलवे और केंद्र सरकार का दावा है कि यह ट्रेन यात्रियों को अधिक स्पीड, बेहतर आराम और अत्याधुनिक सुरक्षा सुविधाओं का अनुभव कराएगी।
वंदे भारत स्लीपर ट्रेन की सबसे खास बात यह है कि इसमें न तो आरएसी (RAC) की सुविधा होगी और न ही वेटिंग टिकट जारी किए जाएंगे। यानी हर यात्री को कन्फर्म बर्थ मिलेगी। यह ट्रेन कुल 16 कोच की होगी और इसका किराया एयरलाइन मॉडल पर आधारित रखा गया है। हालांकि, अन्य ट्रेनों की तरह इसमें भी महिलाओं, दिव्यांगजनों, वरिष्ठ नागरिकों और रेलवे कर्मचारियों के लिए निर्धारित कोटा लागू रहेगा।
भारतीय रेलवे ने वंदे भारत स्लीपर ट्रेन के लिए किराया सूची भी जारी कर दी है। रेलवे के अनुसार, किराया निर्धारण के लिए न्यूनतम दूरी 400 किलोमीटर तय की गई है।
400 किलोमीटर तक की यात्रा के लिए थर्ड एसी का किराया 960 रुपये, सेकेंड एसी का 1240 रुपये और फर्स्ट एसी का 1520 रुपये रखा गया है।
800 किलोमीटर के सफर पर थर्ड एसी का किराया 1920 रुपये, सेकेंड एसी का 2480 रुपये और फर्स्ट एसी का 3040 रुपये तय किया गया है।
1600 किलोमीटर की दूरी के लिए थर्ड एसी 3840 रुपये, सेकेंड एसी 4960 रुपये और फर्स्ट एसी 6080 रुपये होगा।
2000 किलोमीटर के सफर पर थर्ड एसी का किराया 4800 रुपये, सेकेंड एसी का 6200 रुपये और फर्स्ट एसी का 7600 रुपये निर्धारित किया गया है।
2800 किलोमीटर के लिए थर्ड एसी 6720 रुपये, सेकेंड एसी 8680 रुपये और फर्स्ट एसी 10640 रुपये होगा।
वहीं 3500 किलोमीटर की यात्रा पर थर्ड एसी के यात्रियों को 8400 रुपये, सेकेंड एसी को 10850 रुपये और फर्स्ट एसी के यात्रियों को 13300 रुपये चुकाने होंगे। इन सभी किरायों पर यात्रियों को 5 प्रतिशत जीएसटी भी देना होगा।
सुरक्षा के लिहाज से वंदे भारत स्लीपर ट्रेन को अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस किया गया है। इसमें इमरजेंसी टॉक-बैक सिस्टम, सीसीटीवी कैमरे और आधुनिक सैनिटेशन तकनीक उपलब्ध होगी। टिकट रद्द होने की स्थिति में 24 घंटे के भीतर रिफंड प्रक्रिया शुरू करने के लिए डिजिटल भुगतान को प्राथमिकता दी जाएगी। विंडो टिकट के मामलों में भी डिजिटल पेमेंट को बढ़ावा देने के निर्देश दिए गए हैं।
यात्रियों को ट्रेन में उच्च गुणवत्ता का बेडरोल दिया जाएगा, जिसमें कंबल के साथ कवर भी शामिल होगा। कोच के इंटीरियर और ट्रेन स्टाफ की ड्रेस में भारतीय संस्कृति की झलक देखने को मिलेगी। सभी टिकट डिजिटल माध्यम से ही खरीदे जाएंगे। रिजर्वेशन सिस्टम यह भी सुनिश्चित करेगा कि 60 वर्ष या उससे अधिक उम्र के पुरुष यात्रियों और 45 वर्ष या उससे अधिक उम्र की महिला यात्रियों को प्राथमिकता के आधार पर लोअर बर्थ आवंटित की जाए।
भारतीय रेलवे की यह प्रीमियम वंदे भारत स्लीपर ट्रेन लंबी दूरी की रेल यात्रा को नई पहचान देने वाली मानी जा रही है और इसे हवाई यात्रा के विकल्प के रूप में भी देखा जा रहा है।















