पूर्वी चंपारण:
बिहार पुलिस ने अपराध के खिलाफ बड़ा अभियान चलाते हुए पूर्वी चंपारण जिले में ‘कुर्की महाअभियान’ के तहत ताबड़तोड़ कार्रवाई की है। इस अभियान ने फरार अपराधियों के बीच हड़कंप मचा दिया है और पूरे इलाके में कानून का खौफ साफ दिखाई दे रहा है।
70 से ज्यादा मामलों में कुर्की-जब्ती
जिले के अलग-अलग थाना क्षेत्रों में पुलिस ने 70 से अधिक संगीन मामलों में फरार चल रहे आरोपियों के घरों पर कुर्की-जब्ती की कार्रवाई की।
इस दौरान पुलिस ने कानूनी प्रक्रिया के तहत कई जगहों पर ताला तोड़कर संपत्ति जब्त की।
अभियान का उद्देश्य
पुलिस सूत्रों के मुताबिक इस अभियान का मुख्य लक्ष्य:
- फरार अपराधियों को कानून के दायरे में लाना
- अवैध संपत्ति पर कार्रवाई
- अपराध के नेटवर्क को जड़ से खत्म करना
पीपरा में बड़ी गिरफ्तारी
पीपरा थाना क्षेत्र में हत्या के एक मामले में पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल करते हुए लंबे समय से फरार चल रही आरोपी सीमा देवी को गिरफ्तार किया है।
उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है।
पताही में आरोपियों का सरेंडर
पताही थाना क्षेत्र में पुलिस की सख्ती का असर ऐसा दिखा कि:
- दो आरोपियों ने खुद ही सरेंडर कर दिया
- दो अन्य के घरों पर कुर्की की कार्रवाई की गई
मॉब लिंचिंग केस में भी कार्रवाई
पीपरा थाना कांड संख्या 310/19 (मॉब लिंचिंग केस) में फरार अभियुक्तों
होसिला उर्फ होरिल मांझी और पप्पू मांझी के घरों पर कोर्ट के आदेश के बाद कुर्की-जब्ती की गई।
यह कार्रवाई थानाध्यक्ष अंजन कुमार के नेतृत्व में की गई, जिससे इलाके में सनसनी फैल गई।
एसपी का सख्त संदेश
जिले के एसपी Swarn Prabhat ने साफ कहा है:
“कानून से भागने वालों को कोई राहत नहीं मिलेगी। अभियान लगातार जारी रहेगा और फरार अपराधियों को हर हाल में गिरफ्तार किया जाएगा।”
अपराधियों में खौफ
इस बड़े ऑपरेशन के बाद जिले के हर इलाके में पुलिस की मौजूदगी और सख्ती का असर दिख रहा है।
कुर्की अभियान ने यह स्पष्ट संदेश दे दिया है कि अब कानून का शिकंजा हर दरवाजे तक पहुंच चुका है और अपराधियों के लिए बच निकलना आसान नहीं होगा।















