नई दिल्ली:
केंद्र की मोदी सरकार ने केरोसिन वितरण को लेकर बड़ा बदलाव किया है। वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति पर असर पड़ने के बाद सरकार ने आम लोगों को राहत देने के लिए नया नियम लागू किया है। अब राशन दुकानों के साथ-साथ चुनिंदा पेट्रोल पंपों पर भी केरोसिन उपलब्ध कराया जाएगा।
पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय की ओर से जारी अधिसूचना के मुताबिक, सरकारी तेल कंपनियां—इंडियन ऑयल, भारत पेट्रोलियम (BPCL) और हिंदुस्तान पेट्रोलियम (HPCL)—देशभर के चयनित पेट्रोल पंपों पर केरोसिन की बिक्री करेंगी। इससे लोगों को खाना पकाने और रोशनी के लिए वैकल्पिक ईंधन आसानी से मिल सकेगा।
सरकार ने बताया कि यह नई व्यवस्था 21 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में लागू की जाएगी। इनमें बिहार, उत्तर प्रदेश, दिल्ली, राजस्थान, मध्य प्रदेश, गुजरात और हिमाचल प्रदेश जैसे राज्य शामिल हैं। खासतौर पर उन इलाकों को प्राथमिकता दी जाएगी जहां पहले जन वितरण प्रणाली (PDS) के तहत केरोसिन की उपलब्धता नहीं थी।
जिले में सिर्फ दो पेट्रोल पंप को मिलेगी अनुमति
नए नियमों के तहत प्रत्येक जिले में अधिकतम दो पेट्रोल पंपों को ही केरोसिन वितरण की अनुमति दी जाएगी। इन पंपों पर अधिकतम 5,000 लीटर तक केरोसिन स्टॉक रखा जा सकेगा, जिसे आम लोग घरेलू उपयोग के लिए खरीद सकेंगे।
लाइसेंस नियमों में भी दी गई छूट
सरकार ने सप्लाई को तेज करने के लिए लाइसेंसिंग नियमों में ढील दी है। डीलरों को अब अलग से FORM XVIII लाइसेंस लेने की जरूरत नहीं होगी। साथ ही टैंक वाहनों को भी कुछ नियमों से राहत दी गई है, जिससे स्टोरेज और डिस्ट्रीब्यूशन प्रक्रिया में तेजी आएगी।
केरोसिन लेने के लिए जरूरी शर्तें
- एक पेट्रोल पंप पर 5,000 लीटर से अधिक स्टॉक नहीं होगा
- सभी सुरक्षा मानकों का पालन अनिवार्य
- केरोसिन का उपयोग केवल खाना पकाने और रोशनी के लिए ही होगा
- व्यावसायिक उपयोग पर पूरी तरह रोक
- स्टोरेज और बिक्री का रिकॉर्ड रखना अनिवार्य, कभी भी जांच संभव
60 दिनों के लिए लागू रहेगा नियम
सरकार ने साफ किया है कि यह व्यवस्था अस्थायी है। यह तुरंत प्रभाव से लागू हो गई है और अगले 60 दिनों तक या नए आदेश जारी होने तक प्रभावी रहेगी।
हाल के दिनों में पेट्रोल-डीजल की कमी को लेकर फैली अफवाहों के बीच सरकार और तेल कंपनियों ने स्पष्ट किया है कि देश में फिलहाल ईंधन की कोई कमी नहीं है। लोगों से अपील की गई है कि वे घबराकर खरीदारी न करें।












