राजधानी पटना के गर्दनीबाग स्थित बापू टावर में 28 और 29 मार्च को दो दिवसीय ‘मगही महोत्सव 2026’ का भव्य आयोजन होने जा रहा है। इस महोत्सव का मुख्य उद्देश्य मगही भाषा, साहित्य, लोक कला और सांस्कृतिक विरासत को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाना है।
भव्य शुरुआत और खास आकर्षण
आयोजन समिति के अनुसार, महोत्सव का शुभारंभ गया घराने की शास्त्रीय गायकी से होगा, जो कार्यक्रम का प्रमुख आकर्षण रहेगा। पहले दिन विभिन्न विषयों पर विमर्श और परिचर्चा के सत्र आयोजित होंगे, जिनमें मगही भाषा की समृद्ध परंपरा और इतिहास पर गहन चर्चा की जाएगी।
कई गणमान्य हस्तियां होंगी शामिल
कार्यक्रम का उद्घाटन बिहार विधानसभा के अध्यक्ष प्रेम कुमार करेंगे। वहीं, विशिष्ट अतिथियों में आनंद कुमार (संस्थापक, सुपर 30), कुमार रवि (IAS) और महेंद्र कुमार (IAS) समेत कई प्रमुख हस्तियां शामिल होंगी।
दूसरे दिन फिल्म और संगीत पर फोकस
महोत्सव का दूसरा दिन मगही सिनेमा और संगीत के इतिहास को समर्पित रहेगा। ‘मगही फिल्म फेस्टिवल’ के तहत 50 से अधिक लघु फिल्मों में से चयनित फिल्मों का प्रदर्शन किया जाएगा, जिनमें से तीन श्रेष्ठ फिल्मों को पुरस्कृत किया जाएगा।
समापन सत्र में चर्चित मगही फिल्म भैया व स्वाहा की विशेष स्क्रीनिंग भी की जाएगी।
प्रदर्शनी और सांस्कृतिक कार्यक्रम
कार्यक्रम स्थल पर मगध क्षेत्र के प्रमुख पर्यटन स्थलों की फोटो प्रदर्शनी और मगही भाषा की पुस्तकों की प्रदर्शनी भी लगाई जाएगी। फोटो जर्नलिस्ट रूपक सिन्हा, जितेंद्र कुमार और जुलकर नैन अपनी विशेष प्रदर्शनी प्रस्तुत करेंगे।
इसके साथ ही लोक गायन, मगही कवि सम्मेलन और युवा उद्यमियों के साथ संवाद जैसे कार्यक्रम भी आयोजित होंगे, जिनका उद्देश्य नई पीढ़ी को अपनी मातृभाषा और संस्कृति से जोड़ना है।
संस्कृति को राष्ट्रीय पहचान देने की पहल
संयोजक रविशंकर उपाध्याय, विजेता चंदेल और उज्ज्वल कुमार के अनुसार, ‘मगही महोत्सव 2026’ सिर्फ एक सांस्कृतिक आयोजन नहीं, बल्कि मगही भाषा को राष्ट्रीय स्तर पर सम्मान दिलाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है।
यह महोत्सव बिहार की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को देशभर में पहचान दिलाने की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है।
















