बिहार की राजधानी Patna में ड्रग्स तस्करी के एक बड़े नेटवर्क का खुलासा हुआ है। पुलिस ने मुस्तफापुर इलाके में छापेमारी कर 2.26 किलोग्राम हेरोइन और 2.82 किलोग्राम स्मैक बरामद की है। इस कार्रवाई में आरोपी कल्लू पासवान को गिरफ्तार किया गया है, जबकि उसका बेटा बिट्टू पासवान फरार बताया जा रहा है। पुलिस के अनुसार वही इस पूरे गिरोह का सरगना है और उसकी तलाश में छापेमारी की जा रही है।
जांच में सामने आया है कि इस ड्रग्स तस्करी नेटवर्क में करीब 12 लोग शामिल हैं। यह गिरोह अलग-अलग राज्यों से ट्रेन के जरिए पटना में ड्रग्स मंगाता था। पुलिस के मुताबिक Assam और West Bengal के कई इलाकों से ड्रग्स ट्रेन के माध्यम से पटना लाई जाती थी, जिसके बाद शहर के विभिन्न हिस्सों में इसकी सप्लाई की जाती थी।
इस मामले में कार्तिकेय शर्मा ने बताया कि कुछ महीने पहले ड्रग्स तस्करी की सूचना मिली थी। इसके बाद पुलिस लगातार आरोपियों पर नजर रखे हुए थी। पुख्ता जानकारी मिलने के बाद ठिकाने पर छापा मारा गया, जहां से भारी मात्रा में ड्रग्स बरामद हुई।
जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी कल्लू पासवान पहले केबल ऑपरेटर का काम करता था, लेकिन पिछले तीन वर्षों से ड्रग्स तस्करी के धंधे में शामिल होकर गिरोह चला रहा था। पुलिस को उसके घर से कई अहम दस्तावेज भी मिले हैं, जिनमें आठ बैंक खातों की जानकारी, करीब 15 कट्ठा जमीन के कागजात और एक खाते में लगभग 20 लाख रुपये जमा होने के सबूत शामिल हैं।
पुलिस जांच में यह भी पता चला है कि गिरोह के सदस्य Siliguri से हेरोइन और ब्राउन शुगर लेकर ट्रेन से पटना पहुंचते थे। हर खेप पहुंचाने पर उन्हें एक से डेढ़ लाख रुपये दिए जाते थे। गिरफ्तारी से बचने के लिए तस्कर कई बार बड़े स्टेशन की बजाय छोटे स्टेशन या रेलवे आउटर पर उतर जाते थे।
इसके बाद ड्रग्स की सप्लाई पटना सिटी, रामकृष्णा नगर और दानापुर जैसे इलाकों में की जाती थी। पुलिस के अनुसार गिरोह ने 10 से 12 युवकों को ड्रग्स पहुंचाने के काम में लगा रखा था और इसका नेटवर्क दूसरे जिलों से भी जुड़ा हुआ है।
एसएसपी ने बताया कि तस्करी से कमाई गई अवैध संपत्ति को जब्त करने की प्रक्रिया भी शुरू की जाएगी और फरार आरोपियों की तलाश के लिए लगातार छापेमारी जारी है।

















