पटना। राजधानी पटना में ट्रैफिक नियमों की अनदेखी करने वाले वाहन मालिकों के खिलाफ यातायात पुलिस ने सख्त रुख अपनाया है। नियम तोड़कर ई-चालान कटने के बाद भी जुर्माना जमा नहीं करने वाले वाहन मालिकों पर अब कानूनी कार्रवाई की तैयारी शुरू कर दी गई है। इसी क्रम में पटना ट्रैफिक पुलिस ने 90 दिनों के भीतर चालान की राशि जमा नहीं करने वाले 1260 वाहन मालिकों को नोटिस भेजा है।
यातायात पुलिस अधिकारियों के अनुसार राजधानी में ट्रैफिक व्यवस्था को बेहतर बनाने और लोगों को नियमों के प्रति जागरूक करने के लिए लगातार अभियान चलाया जा रहा है। इसके तहत ट्रैफिक नियम तोड़ने वाले वाहन चालकों की पहचान कर ई-चालान जारी किया जाता है। लेकिन कई मामलों में वाहन मालिक समय सीमा के भीतर जुर्माना जमा नहीं करते हैं। ऐसे लोगों के खिलाफ अब सख्ती शुरू कर दी गई है।
ICCC और हैंड हेल्ड डिवाइस से काटे जाते हैं चालान
ट्रैफिक पुलिस ने बताया कि शहर में लगे ICCC (इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर) के कैमरों और HHD (हैंड हेल्ड डिवाइस) के माध्यम से ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों की पहचान कर ई-चालान जारी किया जाता है। इसमें हेलमेट नहीं पहनना, सीट बेल्ट का इस्तेमाल नहीं करना, ओवरस्पीडिंग और रेड लाइट जंप करना जैसे उल्लंघन शामिल हैं।
90 दिनों में नहीं भरा जुर्माना तो भेजा गया नोटिस
पुलिस के अनुसार जिन वाहन मालिकों ने चालान जारी होने के 90 दिनों के भीतर जुर्माने की राशि जमा नहीं की, उन्हें अब कानूनी नोटिस भेजा गया है। नोटिस मिलने के बाद भी भुगतान नहीं करने पर वाहन के रजिस्ट्रेशन पर कार्रवाई हो सकती है और आगे की कानूनी प्रक्रिया भी शुरू की जा सकती है।
फरवरी में जारी हुए 1260 नोटिस
ट्रैफिक पुलिस के आंकड़ों के मुताबिक 1 फरवरी से 28 फरवरी के बीच कुल 1260 वाहन मालिकों को नोटिस जारी किए गए हैं। ये सभी ऐसे वाहन मालिक हैं जिन्होंने तय समय सीमा के भीतर ई-चालान का भुगतान नहीं किया था।
समय पर चालान भरने की अपील
पटना यातायात पुलिस ने वाहन मालिकों से अपील की है कि वे समय पर ई-चालान का भुगतान करें और ट्रैफिक नियमों का पालन करें। इससे न केवल जुर्माने और कानूनी कार्रवाई से बचा जा सकेगा, बल्कि शहर में सुरक्षित और सुचारू ट्रैफिक व्यवस्था बनाए रखने में भी मदद मिलेगी।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आने वाले दिनों में ट्रैफिक नियमों के उल्लंघन के खिलाफ अभियान और तेज किया जाएगा, ताकि सड़क पर अनुशासन कायम रखा जा सके।















