बिहार की राजधानी पटना में आज कांग्रेस पार्टी बिजली बिल में बढ़ोतरी और एलपीजी संकट के खिलाफ बड़ा प्रदर्शन करने जा रही है। यह विरोध प्रदर्शन प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष राजेश राम के नेतृत्व में आयोजित होगा, जिसमें बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ताओं के शामिल होने की संभावना है।
जानकारी के अनुसार, यह प्रदर्शन दोपहर 1:15 बजे इनकम टैक्स गोलंबर पर किया जाएगा। इस दौरान कांग्रेसी कार्यकर्ता प्रधानमंत्री का पुतला दहन कर सरकार के खिलाफ अपना विरोध दर्ज कराएंगे। इससे पहले भी कांग्रेस ने पूरे राज्य में प्रखंड स्तर पर प्रदर्शन कर अपनी नाराजगी जाहिर की थी।
राजेश राम ने सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि वे गरीबों को यूं ही ठगा नहीं जाने देंगे। उन्होंने आरोप लगाया कि 1 अप्रैल से बिहार सरकार ने बिजली दरों में बढ़ोतरी कर आम जनता पर अतिरिक्त बोझ डाल दिया है। वहीं, एलपीजी संकट ने पहले से ही परेशान लोगों की मुश्किलें और बढ़ा दी हैं।
उन्होंने तंज कसते हुए कहा, “पहले एलपीजी का मतलब ‘लिक्विफाइड पेट्रोलियम गैस’ होता था, लेकिन अब इसका मतलब ‘ले पाओगे’ हो गया है।” उनके इस बयान को लेकर सियासी हलकों में भी चर्चा तेज हो गई है।
राजेश राम ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और भारतीय जनता पार्टी पर आरोप लगाते हुए कहा कि उन्होंने गरीब कल्याण के वादों को पूरी तरह भुला दिया है। उनके मुताबिक, चुनाव के समय बड़े-बड़े वादे किए गए, जिनमें 125 यूनिट मुफ्त बिजली देने की बात भी शामिल थी, लेकिन अब उसे खत्म कर दिया गया है।
उन्होंने दावा किया कि नई व्यवस्था के तहत घरेलू उपभोक्ताओं पर 10 फीसदी और व्यावसायिक उपभोक्ताओं पर 20 फीसदी तक अतिरिक्त बोझ डाला जा रहा है, जिससे गरीब और मध्यम वर्ग बुरी तरह प्रभावित होगा।
कांग्रेस ने इस प्रदर्शन को जनता के हक की लड़ाई बताते हुए कहा कि यह सिर्फ विरोध नहीं, बल्कि आम लोगों की आवाज उठाने का प्रयास है। पार्टी का कहना है कि सरकार चुनाव के बाद जनता को नजरअंदाज कर रही है और उनकी जेब पर बोझ डाल रही है।
पटना का इनकम टैक्स गोलंबर आज इस सियासी आंदोलन का केंद्र बनेगा, जहां कांग्रेस कार्यकर्ता सरकार के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन कर अपनी मांगों को सामने रखेंगे। यह देखना अहम होगा कि इस विरोध प्रदर्शन का बिहार की राजनीति पर क्या असर पड़ता है।














