पटना/राजगीर :
बिहार में खेल के क्षेत्र में बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है। राज्य में पहली बार इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) जैसे बड़े टूर्नामेंट के आयोजन की दिशा में ठोस पहल शुरू हो गई है। खेल मंत्री श्रेयसी सिंह के नेतृत्व में बिहार के विधायकों ने राजस्थान रॉयल्स के मालिकों के साथ अहम बैठक की, जिसमें राजगीर में IPL मैच आयोजित कराने की संभावनाओं पर विस्तार से चर्चा हुई।
खेल मंत्री श्रेयसी सिंह ने इस बैठक को “सार्थक और सकारात्मक” बताते हुए कहा कि राजगीर अपने ऐतिहासिक और पर्यटन महत्व के साथ-साथ खेल और निवेश का एक उभरता हुआ केंद्र बन सकता है। उन्होंने यह भी संकेत दिया कि राज्य सरकार खेल के साथ-साथ आईटी सेक्टर में निवेश को लेकर भी गंभीर है, जिससे रोजगार के नए अवसर पैदा किए जा सकें।
विधायकों ने दिए बड़े संकेत
जदयू विधायक ऋतुराज कुमार ने भी इस बैठक को अहम बताते हुए कहा कि आने वाले समय में बिहार में IPL मैचों के आयोजन की संभावना मजबूत हो रही है। उन्होंने बताया कि राजगीर में विश्वस्तरीय सुविधाओं के साथ तैयार हो रहा स्टेडियम इस दिशा में बड़ा कदम साबित होगा।
इस बैठक में विधायक ऋतुराज कुमार, रुहेल रंजन और चेतन आनंद भी मौजूद रहे। सभी ने बिहार के उभरते क्रिकेटर वैभव सूर्यवंशी की शानदार बल्लेबाजी का प्रदर्शन भी देखा।
राजगीर स्टेडियम: इंटरनेशनल स्तर की तैयारी
राजगीर में बन रहा अंतरराष्ट्रीय स्तर का क्रिकेट स्टेडियम अब अंतिम चरण में पहुंच चुका है। करीब 72,843 वर्गमीटर क्षेत्र में फैले इस स्टेडियम की दर्शक क्षमता लगभग 40,000 होगी।
स्टेडियम में कुल 13 पिचें तैयार की गई हैं—
- 7 पिचें मोकामा की काली मिट्टी से
- 6 पिचें पुणे की लाल मिट्टी से
इससे यहां अलग-अलग तरह की खेल परिस्थितियां उपलब्ध होंगी, जो अंतरराष्ट्रीय मैचों के लिए बेहद जरूरी मानी जाती हैं।
मुख्य पवेलियन पांच मंजिला होगा, जो लगभग 14,295 वर्गमीटर क्षेत्र में फैला होगा। इसमें खिलाड़ियों, अंपायरों, मीडिया और वीआईपी मेहमानों के लिए अत्याधुनिक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। इसके अलावा जिम, स्पा, लॉन्ड्री, फिजियो रूम और मेडिकल सेंटर जैसी सुविधाएं भी मौजूद रहेंगी।
स्टेडियम परिसर में कुल पांच पवेलियन बनाए जा रहे हैं, जिनमें दर्शकों के लिए फूड कोर्ट, लिफ्ट और अन्य आधुनिक सुविधाएं शामिल होंगी।
बिहार के लिए क्या बदलेगा?
अगर राजगीर में IPL मैचों का आयोजन होता है, तो यह बिहार के लिए ऐतिहासिक कदम होगा। इससे—
- राज्य की राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय पहचान मजबूत होगी
- पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा
- स्थानीय युवाओं को रोजगार के नए अवसर मिलेंगे
- खेल और आईटी सेक्टर में निवेश बढ़ेगा
आगे क्या?
फिलहाल यह पहल शुरुआती चरण में है, लेकिन जिस तरह से सरकार और क्रिकेट फ्रेंचाइजी के बीच बातचीत आगे बढ़ रही है, उससे उम्मीद जताई जा रही है कि आने वाले समय में बिहार भी IPL जैसे बड़े मंच की मेजबानी करता नजर आ सकता है।














