फुलवारीशरीफ (बिहार)। बिहार में अपराध लगातार बढ़ते जा रहे हैं, और अब आम लोगों के साथ-साथ पत्रकार जैसे विशेष पेशेवर भी अपराधियों के निशाने पर हैं। इसी कड़ी में फुलवारीशरीफ थाना क्षेत्र में एक पत्रकार सुधीर कुमार पर जानलेवा हमला और अपहरण का मामला सामने आया।
जानकारी के अनुसार, यह घटना 21 जनवरी 2026 की शाम लगभग 7:15 बजे हुई। पीड़ित पत्रकार सुधीर कुमार खगौल रोड स्थित ‘यशपाल स्वीट्स’ के पास थे, तभी काले रंग की स्कॉर्पियो (जिसमें आगे नंबर प्लेट नहीं थी) में सवार चार अज्ञात व्यक्तियों ने उन्हें अपहरण कर लिया।
अपराधियों ने पत्रकार के साथ गाड़ी के अंदर बेरहमी से मारपीट की, भद्दी गालियां दीं और उनसे 35,000 रुपये नकद जबरन छीने। मारपीट के दौरान उन्हें जान से मारने की धमकी दी गई और पत्रकारिता छोड़ने का दबाव बनाया गया। बाद में उन्हें बेऊर तेज प्रताप नगर के पास सड़क किनारे फेंक दिया गया।
सुधीर कुमार ने अपनी शिकायत में इस हमले को सोची-समझी साजिश बताया और वार्ड पार्षद हरेराम सिंह और उनके परिवार पर शक जताया। उन्होंने पुलिस से घटना स्थल के CCTV फुटेज की जांच करने की मांग की ताकि स्कॉर्पियो की नंबर प्लेट और अपराधियों की पहचान हो सके।
घटना की सूचना मिलते ही फुलवारीशरीफ थाना पुलिस सक्रिय हो गई और महज चार घंटे के भीतर पत्रकार को अपराधियों के चंगुल से सुरक्षित मुक्त करा लिया। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने FIR दर्ज कर ली है और जांच SI दीपक कुमार को सौंपी गई है। पुलिस अब साक्ष्यों और पीड़ित के बयानों के आधार पर अपराधियों की तलाश में जुटी है।
बिहार में पत्रकारों पर हमले की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं, और इस घटना ने पत्रकारिता और आम जनता की सुरक्षा पर एक बार फिर सवाल खड़े कर दिए हैं। प्रशासन ने मामले की जांच को गंभीरता से लेने का आश्वासन दिया है।


















