पटना।
पिछले एक महीने में सोने और चांदी के बाजार ने निवेशकों और कारोबारियों—दोनों को चौंका कर रख दिया है। जनवरी के दौरान जिस तरह की तेज़ी और भारी उतार-चढ़ाव देखने को मिला, उसने अब तक के कई रिकॉर्ड तोड़ दिए। हालांकि 31 जनवरी को आए अचानक मार्केट क्रैश ने रफ्तार पर ब्रेक लगाया, लेकिन इसके बावजूद पूरे महीने का ट्रेंड देखा जाए तो कीमती धातुओं में रिकॉर्डतोड़ उछाल कायम रहा।
साल की शुरुआत में चांदी करीब 2,30,500 रुपये प्रति किलो के स्तर पर कारोबार कर रही थी, जबकि 24 कैरेट सोना लगभग 1,34,000 रुपये प्रति 10 ग्राम के आसपास था। जैसे-जैसे जनवरी आगे बढ़ा, बाजार में डिमांड के साथ-साथ सट्टेबाजी भी हावी होती चली गई। इसका नतीजा यह रहा कि 30 जनवरी तक चांदी 3,50,000 रुपये प्रति किलो के ऐतिहासिक स्तर पर पहुंच गई। यानी महज एक महीने में चांदी ने करीब 1 लाख 20 हजार रुपये प्रति किलो की छलांग लगा दी, जिसे कारोबारी भाषा में सीधा-सीधा बुल रन माना जा रहा है।
हालांकि 31 जनवरी को जोरदार करेक्शन देखने को मिला और चांदी फिसलकर करीब 3,10,000 रुपये प्रति किलो पर आ गई। इसके बावजूद महीने के अंत तक चांदी कुल मिलाकर लगभग 80 हजार रुपये प्रति किलो महंगी रही। वहीं सोने के दाम में भी इसी अवधि में करीब 26,500 रुपये प्रति 10 ग्राम की बढ़ोतरी दर्ज की गई, जो निवेशकों के लिए बड़ा मुनाफा साबित हुई।
अगर पटना के ज्वेलरी बाजार की मौजूदा स्थिति पर नजर डालें तो 24 कैरेट सोना 1,60,500 रुपये प्रति 10 ग्राम पर कारोबार कर रहा है। जीएसटी जोड़ने के बाद इसकी कीमत 1,65,315 रुपये प्रति 10 ग्राम तक पहुंच जाती है। वहीं बिना जीएसटी 22 कैरेट सोना 1,47,800 रुपये और 18 कैरेट सोना 1,21,200 रुपये प्रति 10 ग्राम बिक रहा है।
चांदी के दाम भी ऊंचे स्तर पर बने हुए हैं। पटना में एक किलो चांदी 3,10,000 रुपये में बिक रही है, जबकि जीएसटी के साथ इसकी कीमत 3,19,300 रुपये प्रति किलो हो जाती है। हॉलमार्क वाले चांदी के आभूषण 3,03,000 रुपये प्रति किलो और जीएसटी सहित 3,12,090 रुपये में बिक रहे हैं।
पुराने आभूषणों के एक्सचेंज रेट भी काफी तेज बने हुए हैं। 22 कैरेट सोने के पुराने आभूषण 1,43,500 रुपये, 18 कैरेट 1,17,500 रुपये में एक्सचेंज हो रहे हैं। वहीं हॉलमार्क चांदी का एक्सचेंज रेट 294 रुपये प्रति ग्राम और बिना हॉलमार्क 249 रुपये प्रति ग्राम चल रहा है।
कुल मिलाकर सोना-चांदी का बाजार इस समय हाई वोलैटिलिटी जोन में बना हुआ है, जहां मुनाफे के साथ जोखिम भी बराबर है। कारोबारी और निवेशक हर छोटे-बड़े उतार-चढ़ाव पर पैनी नजर लगाए हुए हैं, क्योंकि आने वाले दिनों में बाजार की दिशा एक बार फिर चौंका सकती है।


















