बिहार की सरज़मीं पर उस वक्त सनसनी फैल गई जब मुजफ्फरपुर में पुलिस और अपराधियों के बीच आमने-सामने मुठभेड़ हो गई।
एटीएम फ्रॉड गिरोह का पीछा, घात लगाकर हमला
बेला थाना में तैनात एएसआई विकास कुमार सिंह एटीएम फ्रॉड गिरोह के एक शातिर बदमाश का पीछा कर रहे थे। बेला चौक से पीएनटी जाने वाली सड़क पर स्थित साई मंदिर के पास घात लगाए बैठे अपराधियों ने अचानक पुलिस टीम पर ताबड़तोड़ फायरिंग शुरू कर दी।
इस हमले में एएसआई विकास कुमार सिंह को गोली लग गई और वे लहूलुहान होकर गिर पड़े। इलाके में अफरा-तफरी मच गई और लोग जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे।
पुलिस की जवाबी कार्रवाई, एक बदमाश घायल
हालांकि पुलिस ने हिम्मत नहीं हारी। घायल साथी को संभालते हुए जवानों ने बदमाशों का पीछा जारी रखा। भाग रहे आरोपी को घेर लिया गया और जवाबी फायरिंग में एक बदमाश भी गोली लगने से जख्मी हो गया।
उसे कड़ी सुरक्षा के बीच अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
एएसआई का इलाज जारी, SSP ने लिया जायजा
घायल एएसआई को शहर के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज जारी है।
घटना की सूचना मिलते ही वरीय पुलिस अधीक्षक कांतेस कुमार मिश्रा अस्पताल पहुंचे और हालात का जायजा लिया। उन्होंने कहा कि कानून से खिलवाड़ करने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।
पूरे नेटवर्क की तलाश तेज
सूत्रों के अनुसार एटीएम फ्रॉड गिरोह लंबे समय से पुलिस की रडार पर था। मुठभेड़ के बाद पूरे नेटवर्क की तलाश तेज कर दी गई है। शहर में नाकेबंदी कर संदिग्धों की धरपकड़ जारी है।
मुजफ्फरपुर की फिज़ा में गूंजती गोलियों ने एक बार फिर साफ कर दिया कि जुर्म का अंजाम या तो सलाखें हैं या अस्पताल का बिस्तर।
















