बिहार में भ्रष्टाचार के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत विशेष निगरानी इकाई (SVU) ने वैशाली जिले में बड़ी कार्रवाई की है। लालगंज अंचल कार्यालय में तैनात अमीन सुजीत कुमार को रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया गया है। इस कार्रवाई के बाद अंचल कार्यालय से लेकर जिला प्रशासन तक हड़कंप मच गया है।
जानकारी के अनुसार आरोपी अमीन पर जमीन परिमार्जन और मापी जैसे सरकारी कार्यों के बदले मोटी रकम मांगने का आरोप है। विशेष निगरानी इकाई के अधिकारियों के मुताबिक सुजीत कुमार ने पप्पू कुमार नामक व्यक्ति से 3 लाख रुपये और आनंद कुमार से 60 हजार रुपये की रिश्वत मांगी थी।
बताया जा रहा है कि शिकायत मिलने के बाद SVU ने मामले की गुप्त जांच शुरू की। जांच में रिश्वत मांगने की पुष्टि होने के बाद टीम ने जाल बिछाया। जैसे ही आरोपी अमीन ने पप्पू कुमार से पहली किस्त के रूप में 50 हजार रुपये लिए, पहले से निगरानी कर रही टीम ने उसे मौके पर ही पकड़ लिया।
कार्रवाई पुलिस उपाधीक्षक चंद्रभूषण के नेतृत्व में की गई। गिरफ्तारी के बाद आरोपी के पास से रिश्वत की रकम बरामद कर ली गई है। SVU ने इस मामले में कांड संख्या-18/2026 दर्ज कर आगे की जांच शुरू कर दी है।
यह पहला मामला नहीं है जब लालगंज का प्रशासनिक तंत्र भ्रष्टाचार के आरोपों में घिरा हो। इससे पहले भी निगरानी विभाग ने प्रधानमंत्री आवास योजना में कथित रिश्वतखोरी के आरोप में तत्कालीन बीडीओ नीलम कुमारी और उनके चालक को गिरफ्तार किया था। लगातार सामने आ रहे ऐसे मामलों ने स्थानीय प्रशासनिक व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
SVU अब यह पता लगाने में जुटी है कि क्या इस पूरे मामले में कोई बड़ा नेटवर्क या अन्य अधिकारी भी शामिल हैं। अधिकारियों का मानना है कि जमीन से जुड़े कार्यों में लंबे समय से भ्रष्टाचार की शिकायतें मिल रही थीं। इसी को ध्यान में रखते हुए अब अंचल कार्यालयों की कार्यप्रणाली पर भी विशेष निगरानी रखी जा रही है।
विशेष निगरानी इकाई के अधिकारियों का कहना है कि भ्रष्टाचार के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा और सरकारी कार्यों में रिश्वतखोरी करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
















