कैमूर जिले के अवर्हियां गांव में लोहिया स्वच्छता अभियान के तहत बनाए गए कचरा प्रबंधन केंद्र पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। ग्रामीण अजीत कुमार राम ने बताया कि पंचायत में कचरा प्रबंधन भवन तो निर्माण करा दिया गया, लेकिन ढाई साल बीत जाने के बाद भी एक दिन तक गांव का कचरा यहां नहीं लाया गया।
ग्रामीणों का कहना है कि इस भवन का उपयोग नहीं होने से पूरे गांव में कचरा निस्तारण की समस्या बढ़ती जा रही है, जबकि करोड़ों की सरकारी योजनाओं का उद्देश्य अधूरा रह गया है। उन्होंने मांग की कि शासन-प्रशासन इस पर तुरंत ध्यान दे और व्यवस्था को दुरुस्त करे।
वहीं, इस मामले पर मोहनिया एसडीएम अनिरुद्ध पांडे ने बताया कि मामला संज्ञान में ले लिया गया है। उन्होंने कहा—
“हम जांच करवाएंगे और जो भी जांच प्रतिवेदन में आएगा उसके अनुसार कार्रवाई की जाएगी।”
अब देखना होगा कि वर्षों से बंद पड़े इस कचरा प्रबंधन भवन जहाँ अभी धान की दवनी हो रही है वो कचरा प्रबंधन के लिए कब तक सक्रिय होगी ।












