भोजपुर जिले में जनगणना 2027 को लेकर तैयारियां अब जमीनी स्तर पर तेज होती दिख रही हैं। जिला पदाधिकारी तनय सुल्तानिया के निर्देश पर ‘स्व-प्रगणन’ अभियान को सफल बनाने के लिए विकास मित्रों ने मोर्चा संभाल लिया है और गांव-गांव जाकर लोगों को जागरूक कर रहे हैं।
खासतौर पर महादलित बस्तियों में यह अभियान तेजी से आगे बढ़ रहा है। विकास मित्र घर-घर जाकर लोगों को न सिर्फ जानकारी दे रहे हैं, बल्कि उन्हें इस प्रक्रिया में शामिल होने के लिए प्रेरित भी कर रहे हैं। वे खुद उदाहरण पेश करते हुए अपने परिवार का स्व-प्रगणन पूरा कर चुके हैं, जिससे लोगों में भरोसा बढ़ रहा है।
अभियान के दौरान लोगों को बताया जा रहा है कि वे मोबाइल या अन्य डिजिटल माध्यम से आसानी से अपनी जानकारी दर्ज कर सकते हैं। साथ ही, यह भी समझाया जा रहा है कि सही जानकारी देना क्यों जरूरी है और इससे सरकारी योजनाओं का लाभ सही लोगों तक कैसे पहुंचेगा।
शुरुआत में कुछ जगहों पर लोगों में झिझक देखने को मिली, लेकिन लगातार संवाद और समझाने के बाद अब सहभागिता बढ़ने लगी है। विकास मित्र लोगों की शंकाओं का समाधान कर रहे हैं और उन्हें भरोसा दिला रहे हैं कि यह प्रक्रिया पूरी तरह सुरक्षित है।
जिला प्रशासन का मानना है कि जनगणना सिर्फ आंकड़े जुटाने की प्रक्रिया नहीं, बल्कि विकास की बुनियाद है। डीएम तनय सुल्तानिया ने जिलेवासियों से अपील करते हुए कहा है कि हर नागरिक अपनी जिम्मेदारी निभाते हुए समय पर स्व-प्रगणन पूरा करें, ताकि योजनाओं का लाभ सही तरीके से जरूरतमंदों तक पहुंच सके।
फिलहाल भोजपुर में चल रहा यह जागरूकता अभियान लोगों को जोड़ने में सफल होता दिख रहा है। अगर यही रफ्तार बनी रही, तो आने वाले समय में जनगणना 2027 न सिर्फ सफल होगी, बल्कि जिले के विकास को भी नई दिशा मिलेगी।






















