पटना: बिहार में भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए आर्थिक अपराध इकाई (EOU) ने आय से अधिक संपत्ति के मामलों में दो लोक सेवकों पर शिकंजा कस दिया है। सत्यापन के बाद दोनों अधिकारियों के खिलाफ केस दर्ज कर राज्य के अलग-अलग जिलों में कुल 12 ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की जा रही है।
EOU द्वारा 29 मार्च 2026 को दो अलग-अलग कांड दर्ज किए गए हैं। इन मामलों में भारतीय न्याय संहिता (BNS) 2023 और भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 (संशोधित 2018) के तहत कार्रवाई की जा रही है। विशेष न्यायालय (निगरानी), पटना से तलाशी वारंट मिलने के बाद यह कार्रवाई शुरू हुई।
पहले मामले (कांड संख्या-03/26) में किशनगंज के अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (SDPO) गौतम कुमार के खिलाफ जांच में करीब 1.94 करोड़ रुपये की आय से अधिक संपत्ति का प्रथम दृष्टया प्रमाण मिला है। यह उनकी ज्ञात आय से लगभग 60.27% अधिक बताई गई है। मंगलवार सुबह पटना, पूर्णिया और किशनगंज में उनके कुल 6 ठिकानों पर छापेमारी की जा रही है।
वहीं दूसरे मामले (कांड संख्या-04/26) में सहरसा के DRDA निदेशक वैभव कुमार के खिलाफ करीब 2.41 करोड़ रुपये की अवैध संपत्ति का खुलासा हुआ है, जो उनकी ज्ञात आय से लगभग 78.03% अधिक है। उनके सहरसा और मुजफ्फरपुर स्थित 6 ठिकानों पर भी एक साथ तलाशी अभियान जारी है।
यह पूरी कार्रवाई अपर पुलिस अधीक्षक, वरीय पुलिस अधीक्षक और पुलिस उपाधीक्षक स्तर के अधिकारियों के नेतृत्व में की जा रही है। EOU के अनुसार, तलाशी अभियान पूरा होने के बाद ही विस्तृत जानकारी साझा की जाएगी।
फिलहाल दोनों मामलों में जांच जारी है और आगे और बड़े खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।















