पटना में व्यावसायिक एलपीजी गैस सिलेंडर की कीमत में 994 रुपये की भारी बढ़ोतरी का सीधा असर अब बाजारों में दिखने लगा है। होटल, रेस्टोरेंट से लेकर चाय-नाश्ते की दुकानों और स्ट्रीट फूड कारोबार तक महंगाई का दबाव बढ़ गया है।
स्थिति यह है कि लोकप्रिय व्यंजन जैसे लिट्टी, समोसा और चाय के दामों में भी बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है। कारोबारियों का कहना है कि गैस की बढ़ी हुई कीमत और आपूर्ति में कमी के कारण उन्हें अब कोयला और लकड़ी जैसे वैकल्पिक ईंधन का सहारा लेना पड़ रहा है, जिससे लागत और बढ़ गई है।
बाजार में कई स्ट्रीट फूड आइटम के दाम 5 से 10 रुपये तक बढ़ गए हैं। पहले 40–45 रुपये में मिलने वाला एग रोल अब 50–60 रुपये में बिक रहा है। वहीं 12 रुपये का समोसा 15–18 रुपये और 10 रुपये की चाय अब 12 से 15 रुपये तक पहुंच गई है।
व्यापारियों के अनुसार मार्च के पहले सप्ताह से ही कमर्शियल सिलेंडर की आपूर्ति प्रभावित है। पहले जहां शहर में रोजाना लगभग 5,000 सिलेंडर की सप्लाई होती थी, अब यह घटकर करीब 3,000 रह गई है।
पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय से जुड़े सूत्रों के अनुसार, आपूर्ति में करीब 30 प्रतिशत की कमी के चलते होटल-रेस्टोरेंट को वैकल्पिक व्यवस्था अपनानी पड़ रही है। कई जगहों पर लकड़ी-कोयले की भट्टी और इंडक्शन का इस्तेमाल बढ़ गया है, लेकिन ये विकल्प भी सस्ते नहीं पड़ रहे।
वहीं शादी-विवाह और अन्य कार्यक्रमों के लिए भी अब पहले से अधिक तैयारी करनी पड़ रही है क्योंकि कार्ड के साथ ही गैस व्यवस्था को लेकर अतिरिक्त आवेदन देने की स्थिति बन गई है।
कुल मिलाकर व्यावसायिक एलपीजी की कीमत और सप्लाई में आई गिरावट ने न सिर्फ कारोबारियों पर असर डाला है, बल्कि आम लोगों की जेब पर भी सीधा असर पड़ने लगा है।














