पटना सिविल कोर्ट सहित प्रदेश के कई अदालत परिसरों को लगातार बम से उड़ाने की धमकियां मिल रही हैं। बार-बार आ रहे ई-मेल के बाद अब बिहार सरकार ने सुरक्षा व्यवस्था और सख्त कर दी है, ताकि अदालत के कामकाज पर कोई असर न पड़े।
हर सुबह सर्च ऑपरेशन
अब कोर्ट खुलने से पहले पूरे परिसर की सघन तलाशी ली जा रही है।
- सुबह 7 बजे से अदालत की कार्यवाही शुरू होने तक परिसर को सैनेटाइज किया जाता है।
- पिरबहोर थाना की पुलिस की मौजूदगी में तलाशी अभियान चलता है।
- हर आने-जाने वाले की सख्ती से जांच की जा रही है।
एटीएस ने दर्ज किया केस
धमकी भरे ई-मेल के मामले में बिहार एटीएस ने केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। मामले की मॉनिटरिंग डीएसपी रैंक के अधिकारी कर रहे हैं।
टाउन डीएसपी राजेश रंजन ने बताया कि आरोपियों की पहचान और गिरफ्तारी के लिए विशेष टीम गठित की गई है और तकनीकी सहायता भी ली जा रही है।
सात से अधिक बार मिली धमकी
अब तक सात से ज्यादा बार धमकी भरे मेल आ चुके हैं। पहले हर बार कोर्ट को खाली कर तलाशी ली जाती थी, जिससे कामकाज प्रभावित होता था।
सातवीं बार धमकी मिलने पर वकीलों ने मुख्य गेट पर प्रदर्शन भी किया था। बाद में एसएसपी के आश्वासन के बाद मामला शांत हुआ।
पुलिस का दावा
पुलिस का कहना है कि अब सुरक्षा व्यवस्था पूरी तरह सुदृढ़ कर दी गई है और किसी भी अप्रिय घटना से निपटने के लिए प्रशासन तैयार है।
लगातार मिल रही धमकियों के बीच अदालत की कार्यवाही सुचारू रखने के लिए प्रशासन ने बहुस्तरीय सुरक्षा कवच तैयार किया है।















