महाराष्ट्र के जालना जिले से एक दर्दनाक सड़क हादसे की खबर सामने आई है, जहां नागपुर-मुंबई एक्सप्रेसवे पर हुए भीषण टक्कर में 8 महिला मजदूरों की जान चली गई, जबकि 3 अन्य गंभीर रूप से घायल हो गईं। यह हादसा बुधवार शाम कदवांची गांव के पास हुआ, जिससे पूरे इलाके में मातम का माहौल है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, सभी महिला मजदूर एक्सप्रेसवे पर सफाई का काम खत्म कर टेम्पो से अपने घर लौट रही थीं। वाहन में ड्राइवर समेत कुल 11 लोग सवार थे। जैसे ही टेम्पो स्टार्ट होने वाला था, पीछे से तेज रफ्तार में आ रहे एक ट्रक ने उसे जोरदार टक्कर मार दी।
टक्कर इतनी भीषण थी कि टेम्पो पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। हादसे में 7 महिलाओं की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि एक अन्य महिला ने जालना के सरकारी अस्पताल में इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। हादसे के बाद घटनास्थल पर अफरा-तफरी मच गई और सड़क पर शव बिखरे पड़े थे।
मृतकों की पहचान अलकाबाई अदमाने (45), लक्ष्मीबाई मदान (35), मीना अदमाने (45), कंचन अदमाने (50), ताराबाई चौधरी (60), कदुबाई मदान (55) और सुमन अदमाने (70) के रूप में हुई है। एक अन्य मृतका की पहचान अब तक नहीं हो सकी है। घायलों का अस्पताल में इलाज जारी है।
पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए ट्रक चालक को गिरफ्तार कर लिया है और भारतीय न्याय संहिता (BNS) की संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचकर राहत और बचाव कार्यों की निगरानी कर रहे हैं।
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने इस हादसे पर गहरा शोक व्यक्त किया है। उन्होंने मृतकों के परिजनों को 5-5 लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने की घोषणा की है और घायलों के समुचित इलाज के निर्देश दिए हैं। वहीं, राज्य की मंत्री पंकजा मुंडे ने भी घटना पर दुख जताते हुए पीड़ित परिवारों के प्रति संवेदना प्रकट की है।
यह हादसा एक बार फिर सड़क सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े करता है, खासकर तेज रफ्तार और लापरवाही से वाहन चलाने को लेकर।















