मुंगेर (बिहार):
बिहार के मुंगेर जिले में स्थित प्रसिद्ध पर्यटन स्थल भीमबांध जल्द ही पूरी तरह विकसित होकर पर्यटकों के लिए आकर्षक केंद्र बन जाएगा। राज्य सरकार ने इसके विकास के लिए 54.35 करोड़ रुपये की परियोजना को स्वीकृति दी है। इस परियोजना के तहत भीमबांध को वन्यजीव अभयारण्य का रूप दिया जाएगा और आसपास के क्षेत्र में पर्यटक और नागरिक सुविधाओं का विकास किया जाएगा।
भीमबांध से बेलटांड होते हुए चोरमारा तक के क्षेत्र में कुल 54.35 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। परियोजना में शामिल प्रमुख विकास कार्यों में गर्म पानी के झरने, वेटिंग एरिया, रिसेप्शन, रेस्टोरेंट, वेलनेस सेंटर, एक्टिविटी एरिया, नेचुरल स्पा सेंटर, आयुर्वेद गांव, ट्री हाउस कॉटेज, फूड कियोस्क, पार्किंग एरिया, ट्रैकिंग रूट, व्यू प्वाइंट और पक्षी देखने के टावर शामिल हैं।
सामुदायिक और जीविकोपार्जन विकास
परियोजना का एक महत्वपूर्ण पहलू स्थानीय समुदाय के आजीविका सृजन को बढ़ावा देना है। क्षेत्र में मुर्गी पालन, बकरी पालन, मछली पालन, हर्बल तेल उत्पादन, आयुर्वेदिक जड़ी-बूटियों का औषधालय, फलों के बाग, पेड़-पौधे, हस्तशिल्प और हाथ से बनी वस्तुएं जैसी गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा। इससे स्थानीय समुदाय का आर्थिक उत्थान और सामाजिक समृद्धि सुनिश्चित होगी।
इको-टूरिज्म और पर्यटक सुविधाएं
सरकार की पहल से भीमबांध में इको-टूरिज्म का विकास होगा। भीम सेन कुंड के पास आम जनता और रिसॉर्ट आगंतुकों के लिए गर्म पानी का झरना, टिकट काउंटर, स्मारिका दुकान, कार्यशाला, प्रशिक्षण क्षेत्र, व्याख्या गैलरी और वेलनेस सेंटर बनाए जाएंगे। इसके साथ ही पहाड़ी की चोटी तक दो किमी का ट्रेकिंग मार्ग भी विकसित किया जाएगा।
परियोजना के पूरा होने पर भीमबांध न केवल पर्यटन का आकर्षक केंद्र बनेगा, बल्कि स्थानीय अर्थव्यवस्था और सामाजिक संरचना में भी सकारात्मक बदलाव आएगा।
















