बिहार के मोतिहारी जिले से एक बड़ी और चौंकाने वाली कार्रवाई सामने आई है, जहां पुलिस और साइबर यूनिट की संयुक्त टीम ने घोड़ासहन इलाके में एक साथ कई दुकानों पर ताबड़तोड़ छापेमारी कर पूरे क्षेत्र में हड़कंप मचा दिया।
यह कार्रवाई घोड़ासहन के मेन रोड, बाजार रोड और वीरता चौक क्षेत्र में की गई, जहां चार थानों की पुलिस और साइबर सेल की टीम ने मिलकर करीब आधा दर्जन दुकानों को खंगाला। अचानक हुई इस रेड से बाजार में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
छापेमारी की शुरुआत एक रेडीमेड कपड़ों की दुकान से हुई, जहां जांच के दौरान बड़ी मात्रा में भारतीय और नेपाली मुद्रा बरामद की गई। शुरुआती अनुमान के अनुसार लगभग 45 लाख रुपये नकद जब्त किए गए हैं। इसके साथ ही कई संदिग्ध दस्तावेज भी पुलिस के हाथ लगे हैं।
सूत्रों के मुताबिक, कार्रवाई सिर्फ दुकानों तक सीमित नहीं रही, बल्कि एक संदिग्ध व्यक्ति के घर पर भी दबिश दी गई, जहां से एक बैग में रखी नकदी बरामद हुई। इसके अलावा पुलिस ने बैंक लेनदेन से जुड़े कागजात, क्यूआर कोड स्कैनर और कई डिजिटल डिवाइस भी जब्त किए हैं।
प्रारंभिक जांच में यह मामला भारतीय और नेपाली मुद्रा के अवैध एक्सचेंज नेटवर्क से जुड़ा हो सकता है। हालांकि, कुछ स्थानीय लोग इसे साइबर अपराध और डिजिटल फ्रॉड से जुड़े बड़े रैकेट के तौर पर भी देख रहे हैं। प्रशासन की ओर से अभी तक आधिकारिक बयान नहीं आया है, जिससे पूरे मामले को लेकर रहस्य और गहराता जा रहा है।
छापेमारी की जानकारी मिलते ही कई संदिग्ध मौके से फरार हो गए, जिससे पुलिस की कार्रवाई और तेज हो गई। इस ऑपरेशन में साइबर डीएसपी Abhinav Prasad, इंस्पेक्टर मुमताज अहमद, ढाका थानाध्यक्ष राजरूप राय और घोड़ासहन थाना प्रभारी आशीष कुमार सहित भारी पुलिस बल मौजूद रहा।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, पूरे नेटवर्क की गहराई से जांच की जा रही है और जल्द ही इस अवैध कारोबार से जुड़े बड़े चेहरों का खुलासा किया जा सकता है। फिलहाल इस कार्रवाई के बाद इलाके के व्यापारियों में दहशत और हलचल का माहौल है, जबकि पुलिस इसे एक बड़े आर्थिक अपराध नेटवर्क के खिलाफ महत्वपूर्ण सफलता मान रही है।


















