बिहार के शेखपुरा जिले में दो किशोरों की बोरे में बंद लाश मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई है। यह पूरा मामला कसार थाना क्षेत्र का है, जो पहले से ही चर्चित अपराधी अशोक महतो पर बनी वेब सीरीज Khakee: The Bihar Chapter के कारण चर्चा में रहा है। अब इसी इलाके में लगातार हो रही घटनाओं ने लोगों को दहशत में डाल दिया है।
जानकारी के अनुसार कसार थाना क्षेत्र के बरसा गांव से दो किशोर अचानक लापता हो गए थे। बाद में उनकी लाश गांव के ही एक तालाब से बोरे में बंद अवस्था में बरामद की गई। मृतकों की पहचान अंकुश और प्रिंस कुमार के रूप में हुई है। अंकुश, प्रमोद पासवान का 12 वर्षीय पुत्र था, जबकि प्रिंस कुमार राजाराम राउत का 13 वर्षीय बेटा था।
बताया जा रहा है कि जिस दिन पुलिस ने पांच वर्षीय दीपांशु हत्याकांड का खुलासा किया, उसी दिन ये दोनों किशोर गायब हो गए थे। गौरतलब है कि बरसा गांव से 7 मई को अपहृत दीपांशु का कंकाल नवादा के कौआकोल जंगल से मिला था। पुलिस ने 16 मई को उस मामले का उद्भेदन किया था और इसे साइबर अपराध से जुड़े पैसों के लेनदेन से जोड़ा था।
दोनों किशोरों के शव को तालाब से निकालने में पुलिस को काफी मशक्कत करनी पड़ी। एफएसएल टीम और खोजी कुत्तों को भी मौके पर बुलाया गया। हालांकि खोजी कुत्ता मृतकों के घर की ओर चला गया, जिसके बाद ग्रामीणों में आक्रोश फैल गया और माहौल तनावपूर्ण हो गया।
घटनास्थल पर परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल था। मृतक प्रिंस की एक परिजन ने बताया कि वह रविवार को आम बेचकर घर पैसे देकर आया था। गांव में लोग इस बात को लेकर भी चर्चा करते दिखे कि अगर बच्चों से कोई गलती हुई थी तो परिवार को समझाना चाहिए था, उनकी हत्या नहीं करनी चाहिए थी।
इस मामले में बरामद बोरे पर लिखे “12 नंबर” को भी अहम सुराग माना जा रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि इस तरह का नंबर अक्सर आटा चक्की या गेहूं तौलने के दौरान बोरे पर लिखा जाता है। पुलिस अब इस एंगल से भी जांच कर रही है।
गांव में चार दोस्तों के एक समूह की चर्चा भी जोरों पर है। इनमें से दो किशोरों की हत्या हो चुकी है। बताया जा रहा है कि ये बच्चे मोबाइल से रील बनाने के शौकीन थे। अवर पुलिस अधीक्षक राकेश कुमार ने बताया कि किशोर अपने माता-पिता के मोबाइल से वीडियो और रील बनाते थे।
मृतक प्रिंस कुमार के चाचा संजय पासवान ने दावा किया कि घटना से एक दिन पहले वही बोरा तालाब से कुछ दूरी पर नरकटिया के खेत में देखा गया था।
फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी हुई है। गांव में इस बात को लेकर भी चर्चा है कि बच्चों के लापता होने के बाद परिजनों ने तुरंत पुलिस को सूचना क्यों नहीं दी। लगातार हो रही घटनाओं के बाद इलाके में डर और तनाव का माहौल बना हुआ है।















