पटना/विशेष संवाददाता:
बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के मद्देनजर महागठबंधन के मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार तेजस्वी यादव ने रविवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस में कई बड़े चुनावी वादे किए। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार बनने पर पंचायती राज प्रतिनिधियों का मानदेय दोगुना किया जाएगा, पूर्व प्रतिनिधियों को पेंशन दी जाएगी और पीडीएस डीलरों की आमदनी बढ़ाई जाएगी।
तेजस्वी यादव ने नीतीश कुमार के 20 साल के शासन का जिक्र करते हुए कहा कि बिहार को अब “20 माह का मौका” दें। उनका दावा है कि उनकी सरकार बनने पर राज्य को नंबर-1 बनाने की दिशा में काम होगा।
उनके वादों की प्रमुख बातें इस प्रकार हैं:
- पंचायती प्रतिनिधियों का मानदेय और पेंशन: त्रिस्तरीय पंचायत प्रतिनिधियों का मानदेय दोगुना होगा, पूर्व प्रतिनिधियों को पेंशन दी जाएगी, ग्राम कचहरी की शक्तियां बढ़ाई जाएंगी और पंचायत प्रतिनिधियों का 50 लाख का बीमा कराया जाएगा।
- पीडीएस डीलरों को बढ़ावा: उनके मानदेय के साथ प्रति क्वींटल मार्जिन मनी (कमीशन) बढ़ाई जाएगी और अनुकंपा में 58 साल की उम्र सीमा हटाई जाएगी।
- लघु उद्योगों के लिए आसान लोन: लोहार, कुम्हार, बढ़ई, नाई आदि को 5 लाख रुपये का ब्याज रहित लोन, पांच वर्षों में चुकाना होगा।
- हर घर सरकारी नौकरी: सरकार बनने के बीस दिनों के भीतर अध्यादेश लाकर हर घर में सरकारी नौकरी की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।
- बुनियादी सुविधाओं में सुधार: बिजली, स्वास्थ्य, शिक्षा और अन्य नागरिक सुविधाओं में विशेष सुधार किया जाएगा।
प्रेस कॉन्फ्रेंस में तेजस्वी यादव ने नीतीश कुमार, नरेंद्र मोदी और अमित शाह पर भी हमला करते हुए कहा कि वर्तमान सरकार कोई ठोस काम नहीं कर रही है। उन्होंने बिहार में भाजपा की नीतियों और घोषणाओं को “जुमलेबाजी” बताया और कहा कि फैक्ट्रियां गुजरात में लगाई जाती हैं और वोट लेने बिहार में आते हैं।
तेजस्वी यादव ने दोहराया कि उनकी सरकार भ्रष्टाचार मुक्त और विकासोन्मुखी होगी और पंचायत प्रतिनिधियों, पीडीएस डीलरों, लघु उद्योगों और आम नागरिकों को सीधे लाभ पहुंचाने के लिए बड़े पैमाने पर योजनाओं की शुरुआत करेंगे।


















