बिहार में इन दिनों कड़ाके की ठंड का प्रकोप जारी है। ठंड से बचने के लिए लोग अलाव का सहारा ले रहे हैं, लेकिन यही अलाव कई परिवारों के लिए जानलेवा साबित हो रहा है। अलाव से होने वाली दुर्घटनाओं में अब तक कई लोगों की जान जा चुकी है।
ताजा मामला छपरा जिले से सामने आया है, जहां अलाव से उठे धुएं और गैस के कारण दम घुटने से एक ही परिवार के चार लोगों की मौत हो गई। इस दर्दनाक घटना के बाद पूरे इलाके में मातम पसर गया है।
यह घटना भगवान बाजार थाना क्षेत्र के अंबिका कॉलोनी की है। बताया जा रहा है कि ठंड से बचने के लिए परिवार के लोगों ने रात में घर के अंदर अलाव जलाकर सोने का फैसला किया। देर रात अलाव से निकली गैस और धुएं के कारण घर में कार्बन मोनोऑक्साइड गैस फैल गई, जिससे सभी की तबीयत बिगड़ने लगी।
सुबह जब परिजनों ने देखा तो कुछ लोग मृत अवस्था में पड़े थे, जबकि अन्य बेहोश थे। आनन-फानन में सभी को छपरा सदर अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने चार लोगों को मृत घोषित कर दिया।
मृतकों में
- 70 वर्षीय कमलावती देवी,
- 4 वर्षीय अध्याय,
- 3 वर्षीय तेजाश,
- 7 माह की गुड़िया कुमारी शामिल हैं।
वहीं अमित कुमार, अंजलि और अमीषा की हालत गंभीर बनी हुई है और उनका इलाज अस्पताल में चल रहा है।
परिजनों के अनुसार, मृतका कमलावती देवी उत्तर प्रदेश के वाराणसी से छपरा अपने रिश्तेदारों के यहां आई हुई थीं। घटना के बाद परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
गौरतलब है कि इस तरह की घटना एक सप्ताह पहले गया जिले में भी सामने आई थी। वजीरगंज थाना क्षेत्र के दखिनगांव में ठंड से बचने के लिए कमरे में अलाव जलाकर सोई दादी और पोते की दम घुटने से मौत हो गई थी।
लगातार हो रही ऐसी घटनाओं के बाद प्रशासन और विशेषज्ञों द्वारा घर के अंदर अलाव न जलाने और पर्याप्त वेंटिलेशन रखने की अपील की जा रही है।















