नई दिल्ली/अलीगढ़/डीडीयू जंक्शन। नई दिल्ली से पटना राजेंद्र नगर आ रही तेजस राजधानी एक्सप्रेस में शनिवार देर रात उस समय हड़कंप मच गया, जब ट्रेन को बम से उड़ाने की धमकी मिली। धमकी की सूचना मिलते ही रेलवे प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट मोड में आ गईं और एहतियातन ट्रेन को अलग-अलग स्टेशनों पर रोककर गहन जांच की गई।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, सबसे पहले उत्तर प्रदेश के डीडीयू जंक्शन पर रात करीब सवा दस बजे ट्रेन को प्लेटफॉर्म नंबर चार पर रोका गया। यहां जीआरपी, आरपीएफ, जिला पुलिस के साथ-साथ डॉग स्क्वायड और बम स्क्वायड की टीमों ने ट्रेन के सभी कोचों और यात्रियों के सामान की सघन जांच की। जांच के दौरान किसी भी तरह की संदिग्ध वस्तु या विस्फोटक सामग्री बरामद नहीं हुई।
इसके बाद एहतियातन ट्रेन को अलीगढ़ रेलवे स्टेशन पर भी रोका गया। अलीगढ़ में ट्रेन करीब 31 मिनट तक खड़ी रही। सूचना मिलते ही अलीगढ़ आरपीएफ के कमांडिंग ऑफिसर गुलजार सिंह के नेतृत्व में बॉम्ब डिस्पोजल स्क्वाड (बीडीएस), डॉग स्क्वायड, स्थानीय पुलिस, फायर ब्रिगेड और अन्य संबंधित अधिकारी मौके पर पहुंचे। सुरक्षा एजेंसियों ने पूरी ट्रेन को चारों तरफ से घेरकर एक-एक कोच की बारीकी से तलाशी ली।
जांच के दौरान यात्रियों में अफरा-तफरी का माहौल देखा गया, हालांकि सुरक्षा बलों ने स्थिति को संभालते हुए यात्रियों को शांत रखा। लंबी जांच के बाद अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि बम की धमकी पूरी तरह झूठी और अफवाह थी। किसी भी प्रकार का विस्फोटक या संदिग्ध सामान नहीं मिलने के बाद ट्रेन को आगे की यात्रा के लिए रवाना कर दिया गया।
रेलवे अधिकारियों के अनुसार, सुरक्षा जांच पूरी होने के बाद तेजस राजधानी एक्सप्रेस अपने निर्धारित मार्ग से सामान्य रूप से पटना के लिए प्रस्थान कर गई। घटना के कारण ट्रेन कुछ समय के लिए विलंबित रही, लेकिन यात्रियों की सुरक्षा में कोई चूक नहीं होने दी गई।
गौरतलब है कि हाल के दिनों में इस तरह की धमकियों के मामलों में बढ़ोतरी देखी जा रही है। इससे पहले जनवरी माह में काशी एक्सप्रेस को भी बम से उड़ाने की धमकी मिली थी, जो जांच के बाद अफवाह साबित हुई थी। वहीं हाल ही में राजधानी पटना समेत बिहार के चार न्यायालयों को भी बम से उड़ाने की धमकी दी गई थी, हालांकि वहां भी जांच में कुछ नहीं मिला था।
लगातार मिल रही फर्जी बम धमकियों को लेकर पुलिस और खुफिया एजेंसियां गंभीरता से जांच में जुट गई हैं। अधिकारियों का कहना है कि ऐसी अफवाह फैलाने वालों की पहचान कर उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।















