पटना। सिख धर्म के पांच तख्तों में से एक तख्त श्रीहरिमंदिर जी पटना साहिब में देश-विदेश से दर्शन के लिए आने वाली संगतों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। तख्त के आसपास की संकरी गलियों—हरिमंदिर गली, बारा गली और दरीबाबाज बहादुर—में चौक थाना पुलिस की ओर से पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था नहीं किए जाने का आरोप स्थानीय नागरिकों और संगतों ने लगाया है।
इन गलियों में दिन-रात ई-रिक्शा और टेंपो का तेज आवागमन रहता है, जिसके बीच पैदल चलना भी मुश्किल हो गया है। हालात और गंभीर तब हो जाते हैं, जब नशे में धुत नाबालिग बदमाश और ई-रिक्शा चालक संगतों से लूटपाट और मारपीट करते हैं। स्थानीय लोगों का आरोप है कि इन संवेदनशील गलियों में पुलिस पेट्रोलिंग लगभग न के बराबर है।
केस–1: प्रकाश पर्व के बाद चाकूबाजी और लूट
28 दिसंबर की भोर चार बजे, तख्त श्रीहरिमंदिर में प्रकाश पर्व के बाद अरदास कर बाललीला गुरुद्वारा जा रहीं पंजाब की उत्तमप्रीत कौर पर दरीबाबाज बहादुर गली में चाकू से हमला कर दिया गया। उनकी चाची सरबजीत कौर के साथ भी मारपीट की गई। बदमाश आठ हजार रुपये, मोबाइल और पर्स लूटकर फरार हो गए। हैरानी की बात यह रही कि प्रकाश पर्व के दौरान तैनात सुरक्षा बलों और चौक थाना पुलिस को घटना की भनक तक नहीं लगी। घायल महिलाओं के अनुसार घटना के दो घंटे बाद पुलिस एनएमसीएच पहुंची।
मामले की गंभीरता तब उजागर हुई जब 29 दिसंबर की रात मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत और डीजीपी विनय कुमार घटनास्थल पर पहुंचे। इसके बाद पुलिस ने छापेमारी कर चार नाबालिगों को लूट के सामान के साथ हिरासत में लिया।
केस–2: 70 वर्षीय संगत की संदिग्ध मौत
18 दिसंबर की रात से लापता पंजाब के 70 वर्षीय कुलवंत सिंह का शव पांच दिन बाद 24 दिसंबर को बारा गली के पास सुनसान इलाके से बरामद हुआ। सवाल उठे कि बुजुर्ग संगत रात में उस ऊंचाई वाले निर्जन स्थान तक कैसे पहुंचा। मृतक की पुत्री अपने पिता की तस्वीर लेकर लगातार खोज करती रही। पुलिस ने प्रथम दृष्टया ठंड से मौत की आशंका जताई, लेकिन अब तक पोस्टमार्टम रिपोर्ट सार्वजनिक नहीं की गई है।
केस–3: ई-रिक्शा चालक का जानलेवा हमला
13 जून 2025 की शाम बाललीला गुरुद्वारा से दर्शन को जा रहे फिरोजपुर निवासी सरदार गुरिंदर सिंह पर हरिमंदिर गली में नशेड़ी ई-रिक्शा चालक और उसके साथियों ने रॉड से हमला कर दिया। पत्नी सर्वजीत कौर और बच्ची शीखी को भी नहीं बख्शा गया। भीड़ द्वारा पकड़ने की कोशिश करने पर आरोपियों ने अन्य लोगों पर भी हमला किया। प्राथमिकी के बावजूद आरोपी आज तक गिरफ्तार नहीं हुए।
केस–4: बुजुर्ग महिलाओं से लूट, पैर टूटा
22 जुलाई 2024 की सुबह पंजाब की 66 वर्षीय महेंद्र कौर और 75 वर्षीय तरसेम कौर से हरिमंदिर गली में तीन नाबालिगों ने पर्स और मोबाइल छीन लिया। धक्का देने से 75 वर्षीय महिला का पैर टूट गया। पर्स में 15 हजार रुपये और जरूरी कागजात थे।
केस–5: तख्त परिसर में चोरी और लूट
13 जून 2024 की रात बारा गली की ओर से घुसे तीन नाबालिगों ने तख्त श्रीहरिमंदिर परिसर से सरिया चोरी की और संगतों का पीछा कर लूटपाट की।
स्थानीय नागरिकों में आक्रोश
स्थानीय लोगों का कहना है कि लगातार घटनाओं के बावजूद न तो स्थायी पुलिस पिकेट है और न ही रात्रि गश्ती। संगतों की सुरक्षा के लिए कोई ठोस योजना नहीं बनाई गई है।
अब बड़ा सवाल यह है कि तख्त श्रीहरिमंदिर जैसे अंतरराष्ट्रीय धार्मिक स्थल की सुरक्षा व्यवस्था कब दुरुस्त होगी?
क्या प्रशासन किसी बड़ी अनहोनी का इंतजार कर रहा है, या संगतों की सुरक्षा को प्राथमिकता दी जाएगी?
















